जालौन में गुलाब जल की आड़ में चल रही थी ड्रग्स फैक्ट्री, DRI-ATS की छापेमारी में 300 करोड़ का खुलासा; दो गिरफ्तार
संपादकीय डेस्क • मुख्यालय, जालौन • 30/10/2026, 10:45:21 am
जालौन। उत्तर प्रदेश के जालौन जिले में खेत के अंदर गुलाब जल बनाने की आड़ में चल रही अवैध ड्रग्स फैक्ट्री का बड़ा खुलासा हुआ है। राजस्व खुफिया निदेशालय (DRI) और यूपी एटीएस की संयुक्त टीम ने 29 अक्टूबर को उरई क्षेत्र के एक गांव में छापेमारी कर मेफेड्रोन (MD) बनाने वाली लैब का भंडाफोड़ किया। कार्रवाई में दो आरोपियों को गिरफ्तार किया गया है।
मीडिया रिपोर्टों के मुताबिक, गिरफ्तार आरोपियों की पहचान महाराष्ट्र निवासी संतोष और जालौन निवासी हेमेंद्र कुशवाहा के रूप में हुई है। छापेमारी के दौरान मौके से ड्रग्स बनाने में इस्तेमाल होने वाले उपकरण, रसायन और बड़ी मात्रा में अर्धनिर्मित पदार्थ बरामद किए गए।
15.44 किलो तैयार ड्रग्स समेत 1102 किलो से अधिक सामग्री बरामद
हिंदुस्तान टाइम्स और इंडियन एक्सप्रेस की रिपोर्ट के अनुसार, इस कार्रवाई में कुल 1,102.88 किलोग्राम ड्रग्स, अर्धनिर्मित पदार्थ और रसायन जब्त किए गए। इनमें 15.44 किलोग्राम तैयार मेफेड्रोन भी शामिल है। पूरी बरामदगी का अनुमानित अंतरराष्ट्रीय बाजार मूल्य 200 से 300 करोड़ रुपये बताया गया है।
दिल्ली-एनसीआर और मुंबई तक सप्लाई का खुलासा
अमर उजाला की रिपोर्ट के अनुसार, आरोपी कथित तौर पर हर तीन दिन में करीब 20 किलो ड्रग्स तैयार करते थे। इसकी सप्लाई दिल्ली-एनसीआर और मुंबई के क्लबों, होटलों सहित अन्य स्थानों तक किए जाने की जानकारी सामने आई है। स्थानीय लोगों को इस गतिविधि की जानकारी न हो, इसके लिए गुलाब जल बनाने की फैक्ट्री की आड़ ली गई थी।
स्थानीय पुलिस की भूमिका पर उठे सवाल
खेत के अंदर लंबे समय से कथित तौर पर चल रही इस अवैध लैब की जानकारी स्थानीय पुलिस को क्यों नहीं लगी, इसे लेकर जालौन पुलिस की कार्यप्रणाली पर सवाल उठ रहे हैं। हालांकि, पुलिस की किसी मिलीभगत की अभी आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है। जांच एजेंसियां अब इस पूरे नेटवर्क, रसायनों की आपूर्ति और ड्रग्स की सप्लाई से जुड़े अन्य लोगों की तलाश में जुटी हैं।