जेल से बाहर आते ही आजम खान को ED ने हिरासत में लिया, बोले- 'मुसलमान होने की सजा है'
संपादकीय डेस्क • मुख्यालय, रामपुर • 31/10/2026, 11:00:24 pm
रामपुर। समाजवादी पार्टी के वरिष्ठ नेता और पूर्व कैबिनेट मंत्री आजम खान की रामपुर जेल से रिहाई के तुरंत बाद प्रवर्तन निदेशालय (ED) ने उन्हें हिरासत में ले लिया। शनिवार को जैसे ही आजम खान जेल से बाहर आए, पहले से मौजूद ED की टीम उन्हें अपने साथ ले गई। इस कार्रवाई से जेल के बाहर मौजूद समर्थकों में हलचल मच गई।
दरअसल, इलाहाबाद हाईकोर्ट ने दो पैन कार्ड रखने के मामले में आजम खान और उनके बेटे अब्दुल्ला आजम की सजा निलंबित करते हुए जमानत मंजूर की थी। इसके बाद शनिवार को दोनों की रामपुर जेल से रिहाई हुई। हालांकि, आजम खान के बाहर आते ही ED ने जौहर यूनिवर्सिटी और मौलाना मोहम्मद अली जौहर ट्रस्ट से जुड़े मामले में उन्हें हिरासत में ले लिया। अब्दुल्ला आजम रिहा होकर घर रवाना हो गए।
14 अक्टूबर को दर्ज हुआ था मुकदमा
रिपोर्टों के मुताबिक, ED ने 14 अक्टूबर को जौहर यूनिवर्सिटी से जुड़े मामले में मुकदमा दर्ज किया था। जांच में यूनिवर्सिटी के निर्माण पर हुए खर्च और घोषित वित्तीय विवरणों के बीच कथित अंतर की पड़ताल की जा रही है। इसी सिलसिले में ED की टीम आजम खान से पूछताछ के लिए रामपुर जेल पहुंची थी।
आजम खान ने कही ये बात
जेल से बाहर निकलते ही ED की कार्रवाई के दौरान आजम खान ने अपनी नाराजगी जाहिर करते हुए कहा, "कहने को क्या बचा है? क्या कहने को है? मुसलमान होने की सजा है। गलती ये है कि एक मुसलमान ने यूनिवर्सिटी बनाई, यही हमारा गुनाह है।"
आजम खान की रिहाई के तुरंत बाद हुई इस कार्रवाई को लेकर राजनीतिक हलकों में भी चर्चा तेज हो गई है। उनके समर्थकों और राजनीतिक सहयोगियों की ओर से कार्रवाई पर सवाल उठाए जा रहे हैं।