भाजपा से ब्लॉक प्रमुख बने अब थामा बसपा का दामन, संडीला से चुनाव लड़ने की चर्चा तेज
संपादकीय डेस्क • मुख्यालय, हरदोई • 19/10/2026, 9:00:43 am
हरदोई। जिले की संडीला विधानसभा क्षेत्र की राजनीति में नई हलचल देखने को मिल रही है। वर्ष 2021 में भरावन के ब्लॉक प्रमुख चुने जाने के बाद भाजपा में शामिल हुए विनोद सिंह तोमर ने अब बहुजन समाज पार्टी (बसपा) का दामन थाम लिया है। उन्हें संडीला विधानसभा क्षेत्र का प्रभारी घोषित किया गया है। उनके बसपा में शामिल होने और आगामी विधानसभा चुनाव में दावेदारी की चर्चाओं के बीच क्षेत्र के राजनीतिक समीकरणों को लेकर भी अटकलें शुरू हो गई हैं।
विनोद सिंह तोमर 27 अक्टूबर को अतरौली में बसपा के बैनर तले कार्यकर्ता सम्मेलन का आयोजन करेंगे। इस सम्मेलन में बसपा के कई वरिष्ठ नेताओं के शामिल होने की संभावना जताई जा रही है। आयोजन को लेकर प्रसारित सूचना में विनोद सिंह ने खुद को संडीला विधानसभा क्षेत्र का प्रभारी और प्रत्याशी भी बताया है। हालांकि, प्रत्याशी के रूप में उनकी दावेदारी को लेकर पार्टी की ओर से औपचारिक घोषणा की स्थिति स्पष्ट होना बाकी है।
2021 में निर्दलीय चुनाव जीतकर बने थे ब्लॉक प्रमुख
वर्ष 2021 में हुए पंचायत चुनाव के दौरान भरावन विकासखंड में ब्लॉक प्रमुख पद के लिए भाजपा ने पंकज शुक्ला को अपना प्रत्याशी घोषित किया था। उनके मुकाबले विनोद सिंह तोमर निर्दलीय उम्मीदवार के रूप में चुनाव मैदान में उतरे थे। दोनों के बीच कड़ा मुकाबला हुआ, जिसमें विनोद सिंह तोमर ने जीत दर्ज की थी।
ब्लॉक प्रमुख बनने के बाद विनोद सिंह तोमर तत्कालीन भाजपा जिलाध्यक्ष सौरभ मिश्रा की मौजूदगी में भारतीय जनता पार्टी में शामिल हो गए थे। इसके बाद से वह भाजपा में सक्रिय रहे। अब उन्होंने बसपा का रुख कर लिया है।
संडीला की राजनीति में बढ़ सकती है हलचल
विनोद सिंह तोमर को संडीला विधानसभा क्षेत्र का प्रभारी बनाए जाने और उनके द्वारा कार्यकर्ता सम्मेलन आयोजित किए जाने को क्षेत्र में बसपा की राजनीतिक गतिविधियों के विस्तार के रूप में देखा जा रहा है। बसपा में विधानसभा क्षेत्र का प्रभारी बनाए जाने को अक्सर संभावित प्रत्याशी की दावेदारी से जोड़कर देखा जाता है, हालांकि अंतिम टिकट का फैसला पार्टी नेतृत्व करता है।
यदि विनोद सिंह तोमर को विधानसभा चुनाव में बसपा का टिकट मिलता है, तो संडीला क्षेत्र में मुकाबले की तस्वीर पर इसका असर पड़ सकता है। फिलहाल, उनके पार्टी परिवर्तन और 27 अक्टूबर को प्रस्तावित कार्यकर्ता सम्मेलन पर राजनीतिक नजरें टिकी हैं।